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रविवार, 30 अक्टूबर 2022

संगिनि अपनी

अपनी प्रियतम प्रेम से, फेरे सिर पर हाथ।
बन्धु अभी तक है बना, सिर-बालों का साथ।
सिर-बालों का साथ, कलर है बिल्कुल पक्का।
लड़कों को आश्चर्य, चकाचक अब भी कक्का।
करिए साँचा प्रेम, और क्या माला जपनी?
सिर साजे सम्मान, साध लो संगिनि अपनी।।

हमारीवाणी

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